Despite having four sons, the old woman
is making rounds of the police station
पूत कपूत तो क्यों धन संचय पूत सपूत तो का क्यों धन संचय ?
न्यायालय के आदेश के बावजूद पुत्र नहीं दे रहे हैं सहायता राशि !
झोटवाड़ा थाना अधिकारी नहीं करवा रहे हैं अदालत के आदेश की तामील !
झोटवाड़ा पुलिस थाना इलाक़े जयपुर में विमला देवी पत्नी स्वर्गीय रतन सिंह पंवार पर एक पुरानी कहावत चरितार्थ हो रही है दरअसल श्रीमती विमला देवी प्लॉट नंबर 117 कल्याण कुंज पुलिस थाना झोटवाड़ा जयपुर की निवासी है जो एक वृद्ध महिला है तथा अक्सर बीमार रहती है इनके पति स्वर्गीय रतन सिंह पवार राज्य विद्युत विभाग में मुलाजिम थे जिनका सेवाकाल के दौरान ही निधन होने पर उनके बड़े पुत्र उम्मेद सिंह को अनुकंपा नियुक्ति दी गई जो वर्तमान रिटायर हे,विमला देवी के चार पुत्र हैं उम्मेद सिंह ,रमेश सिंह ,रघुवीर सिंह तथा मोहन सिंह साथ ही दो पुत्रियाँ रेखा पर प्रेम जो शादीशुदा है तथा अपने बाल बच्चों के साथ अलग रहती है विमला देवी का बड़ा बेटा उम्मेद सिंह शुरू से ही चालाक व मतलब परस्त, शराबी कबाबी आचरण का व्यक्ति रहा जिसने स्वर्गीय पिता की जगह नौकरी पाकर भी कभी विमला देवी तथा अपने भाई बहनों के साथ कोई सहयोग नहीं किया विमला देवी ने अपनी सभी संतानों को अलग अलग आवास की व्यवस्था करवा रखी थी और बड़े पुत्र उम्मेद सिंह को हाथोज में प्लॉट दिलाया लेकिन उसे भी उम्मेद सिंह ने उसे बेच कर विमला देवी के छोटे पुत्र मोहन सिंह के आवास प्लॉट नंबर 117 कल्याणपुर पुलिस थाना झोटवाड़ा पर ज़बरन मकान के एक हिस्से में निवास करने लग गया यह उम्मेद सिंह शराबखोरी तथा मौज मस्ती के वशीभूत होकर अपना हतोज वाला प्लॉट बेचकर ज़बरन विमला देवी के सबसे छोटे पुत्र मोहन सिंह के प्लॉट पर क़ब्ज़ा कर रखा है तथा है तथा वृद्धा माँ विमला देवी का जीना हराम कर रखा है विमला देवी के पति ने सभी संतानों को भली प्रकार पाल पोस कर बड़ा किया हर तरह से सक्षम किया लेकिन स्वयं आज दाने दाने को मोहताज हो गई, मजबूरन होकर न्यायालय माता पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों का भरण पोषण एवं कल्याण प्राधिकरण उपखंड अधिकारी एवं उपखंड मजिस्ट्रेट जयपुर प्रथम के समक्ष प्रकरण संख्या 3 /2010 श्रीमती विमला देवी बनाम उम्मेद सिंह वग़ैरह पेश किया ,जिसके निर्णय 29.11.2010 द्वारा चारों बेटों को पाबंद किया गया कि प्रार्थीया के प्लॉट में बिना प्रार्थीय की मर्ज़ी के नहीं रह सकेंगे तथा एक हज़ार रुपये मासिक निर्वहन भत्ता अदा करेंगे इसके बावजूद प्रार्थिया को निर्वहन भत्ता देना तो दूर बड़े पुत्र उम्मेद सिंह ने यह हालात कर रखी है कि विमला देवी के मकान में रह कर वह दिन भर शराब पीकर माँ से गाली गलौच तथा हंगामा करता है और दंगा फ़साद करने के लिए आमादा रहता है उसके साथ ही विमला देवी के छोटे पुत्र मोहन सिंह क़ा भी जीना दुश्वार कर रहा है विमला देवी बिलकुल मजबूर महिला हैं जोकि चलने फिरने की स्थिति में नहीं हैं तथा न्यायालय के आदेश के बावजूद झोटवाड़ा थानाधिकारी विमला देवी का मकान ख़ाली कराने निर्वहन भत्ता अदा करने में विमला देवी की मदद करना तो दूर उल्टे विमला देवी के छोटे पुत्र मोहन सिंह को समय समय पर उम्मेद सिंह द्वारा फ़र्ज़ी तरीक़े से एफआईआर दर्ज करवा कर प्रताड़ित किया जाता रहा है अभी हाल ही में जो झोटवाड़ा थाने में हुई जयपुर कमिशनर की जनसुनवाई में प्रार्थीया विमला देवी ने प्रस्तुत होकर अपनी व्यथा बतायी थी इस पर कमिशनर जयपुर ने थानाधिकारी को पाबंद किया था की विमला देवी को भत्ता दिलाने तथा उनका मकान बड़े बेटे से ख़ाली करवाया जाए लेकिन अब तक थानाधिकारी द्वारा भी कोई कार्रवाई नहीं की गई है !
*झोटवाड़ा थानाधिकारी से नहीं हो पाया संपर्क*
इस बाबत जब हमारे संवाददाता ने झोटवाड़ा थाना अधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया तो उनसे संपर्क नहीं हो पाया !
*रावणा राजपूत समाज बैठेगा धरने पर*
रावणा राजपूत समाज जयपुर के संरक्षक नंद सिंह राजावत ने चमकता राजस्थान के कार्यालय में वृद्ध महिला विमला देवी के साथ आकर बताया कि यदि झोटवाड़ा थानाधिकारी द्वारा उचित कार्रवाई नहीं की गई तो समाज थाने के सामने धरने पर बैठेगा !

















