विप्र कनेक्ट सुर संगम बना ब्राह्मण समाज के इतिहास की अविस्मरणीय सांस्कृतिक संध्या

आरएएस पंकज ओझा दिखे नये अंदाज़ में

जयपुर, 2 सितंबर 2025।
होटल जागृति अनंता, मानसरोवर में आयोजित “विप्र कनेक्ट सुर संगम” ने ब्राह्मण समाज को संगीत और संस्कृति की अनूठी डोर में बाँध दिया। यह आयोजन न केवल एक सांस्कृतिक उत्सव रहा, बल्कि समाज की एकता, सहयोग, अनुशासन और विभिन्न प्रतिभाओं का ऐतिहासिक प्रदर्शन भी साबित हुआ।
कार्यक्रम की शुरुआत दोपहर 12:30 बजे दीप प्रज्ज्वलन से हुई और रात 8 बजे तक मंच पर लगभग 75 प्रस्तुतियाँ लगातार होती रहीं। दर्शकों का उत्साह इतना जबरदस्त था कि हॉल देर रात तक भरा रहा और लोग घर जाने को तैयार नहीं थे।
इस कार्यक्रम के सूत्रधार आरएएस अधिकारी पंकज ओझा रहे, जो एक नये अंदाज में नज़र आये,जिन्होंने आयोजन की रूपरेखा, क्रियान्विति और संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई साथ ही ओझा ने बरसों के बाद देखा महबूब दिलरूबा सा गाकर समा बांधा ,

 


हेमंत भारद्वाज ने अपनी मेहनत और निष्ठा से आयोजन हर तरह से सफल बनाया। प्रीति विनेहा पुरोहित ने गीत चयन, ट्रैक उपलब्ध कराना, मंच संचालन और ऑडिशन दिवस की व्यवस्थाओं को बड़ी सहजता से निभाया।
पुलिस उपाधीक्षक अनिल शर्मा के मार्गदर्शन, जय शर्मा के निरंतर सुझावों, सुनील शर्मा, संजय झाला, गब्बर कटारा, समाचार प्लस से जे पी शर्मा, गब्बर कटारा, अनिल शर्मा (हेनसेक्स सिक्योरिटी) की सक्रिय भागीदारी और सहयोग से कार्यक्रम नई ऊँचाइयों तक पहुँचा। निशा शर्मा, माधुरी शर्मा, दीप्ति शर्मा, रेखा पाराशर का सहयोग भी उल्लेखनीय रहा।
होटल जागृति अनंता के चैयरमैन एल.डी. शर्मा ने स्थान उपलब्ध कराने से लेकर स्नैक्स, चाय, कॉफी और मंच व्यवस्था तक हर कार्य में अद्वितीय सहयोग किया। इसके अलावा जगन्नाथ जत्ती, विशाल शर्मा का अदभुत सहयोग रहा। ब्राह्मण समाज के सिरमौर सुरेश मिश्रा, आर. पी. एस. संजय शर्मा, आर. पी. एस. उज्ज्वल शर्मा, डॉ आलोक शर्मा, सुनील उदैया, अनिल चतुर्वेदी, जितेश शर्मा, के के शर्मा तथा अनेक समाजबंधुओं की उपस्थिति रही। इस मौके पर पूर्व पुलिस अधिकारी पूर्णप्रकाश गौड़, समाज के गौरव पूर्व आईजी हरिप्रसाद शर्मा की गरिमामयी उपस्थिति और आशीर्वाद आयोजन की प्रेरणा बने।
कार्यक्रम की प्रस्तुतियों में कवि संजय झाला की भावपूर्ण कविताएँ, मरू कोकिला सीमा मिश्रा की अद्भुत मधुर गायकी और राजस्थानी गीतों ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। मशहूर बॉलीवुड गायक रविंद्र उपाध्याय की बॉलीवुड गीतों की अद्भुत प्रस्तुति ने माहौल को गरमा दिया, और सबको रस से सराबोर कर दिया। मुख्यमंत्री कार्यालय में पदस्थापित तहसीलदार अशोक शर्मा की राजस्थानी प्रस्तुति ने सबको झूमने पर मजबूर कर दिया। सुदेश शर्मा का हारमोनियम वादन और उनकी जबरदस्त प्रस्तुतियों ने सबका मन मोह लिया। मनभावन डांगी की टीम की प्रस्तुतियाँ विशेष आकर्षण रहीं।
विश्वविख्यात वादक आर.डी. गौड़ ने माउथ ऑर्गन, बांसुरी और अलगोज़े से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
85 वर्षीय युवा शिवानंद दीक्षित ने अपनी ऊर्जावान प्रस्तुति और आशीर्वाद से दर्शकों का हृदय जीत लिया।

85 वर्षीय रिटायर्ड अधिकारी शिवानंद तिवारी का सम्मान किया गया उनके गए आजा रे आ जरा लहरा के आ गाने ने सब को झूमने पर मजबूर कर दिया।
पुलिस उपाध्यक्ष अनिल शर्मा के जॉन जानी जनार्दन की प्रस्तुति, हेमंत भारद्वाज- साला में तो साहब बन गया।
सुनील शर्मा संजय झाला जेपी शर्मा हेमंत भारद्वाज की संयुक्त प्रस्तुति यारा तेरी यारी को ने सबको झुमा दिया।
डॉक्टर ममता शर्मा की मेरे महबूब ना जा, आमोद चतुर्वेदी हाल क्या है दिलों का सनम। पंकज ओझा RAS का गाया गाना- साथ छूटेगा कैसे मेरा आपका, डॉक्टर आलोक तिवारी का छलकाए जाम आपकी आंखों के नाम दीप्ति शर्मा का सुन साहिबा सुन, निशा शर्मा का न जाने क्या हुआ डॉक्टर माधुरी शर्मा का अजीब दास्तां है ये सुदेश शर्मा जी का ऐसी लागी लगन और मैं कहीं कवि ना बन जाऊं सुनील शर्मा जी का तेरे बिना भी क्या जीना, पूर्ण प्रकाश गौड़ का याद न जाए बीते दिनों की, तन्मय जोशी का फ्लूट वादन,गोविंद और विनय पुरोहित का ये लो में हारी पिया। इन के अतिरिक्त भी बाकी सभी प्रतिभागियों की प्रस्तुतियां बहुत ही अद्भुत रही।

मनभावन की वायलिन, दिनेश (साउंड सिस्टम) के संचालन और हमारे बच्चों आदित्य, तनमय और दिव्यांशी की प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को और जीवंत बना दिया।
“विप्र कनेक्ट सुर संगम” का उद्देश्य समाज के संगीतप्रेमियों और छुपी प्रतिभाओं को मंच देना था।
आयोजन का समापन ईश्वर और भगवान परशुराम से इस प्रार्थना के साथ हुआ कि समाज का यह प्रेम, सद्भाव और संगीत का संगम यूँ ही बना रहे।

abhay