Suryadatta Group Founder, Chairman
Prof. Dr. Sanjay B. Chordia honoured
with “Maharashtra Ratna Award 2025”
in London
लोकमत ग्लोबल इकॉनॉमिक कन्वेंशन में बोले, मेरा लक्ष्य केवल शिक्षित युवाओं को गढ़ना नहीं, बल्कि एक स्वस्थ, सुदृढ़ और संस्कारी समाज का निर्माण करना है
अमृता फडणवीस, सुनील शेट्टी, राजेंद्र दर्डा, एमएल अग्रवाल सहित अनेक गणमान्यजन बतौर अतिथि हुए शामिल
लंदन/पुणे। सूर्यदत्त एजुकेशन फाउंडेशन के संस्थापक, अध्यक्ष प्रो. डॉ. संजय बी. चोरडिया को लंदन में आयोजित लोकमत ग्लोबल इकॉनॉमिक कन्वेंशन में प्रतिष्ठित महाराष्ट्र रत्न पुरस्कार 2025 प्रतिष्ठित अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। यह पुरस्कार श्रीमती अमृता देवेंद्र फडणवीस के हाथों प्रदान किया गया। इस अवसर पर सूर्यदत्त एजुकेशन फाउंडेशन की उपाध्यक्ष एवं सचिव सुषमा एस. चोरडिया, प्रख्यात अभिनेता सुनील शेट्टी तथा वरिष्ठ संपादक, लोकमत मीडिया ग्रुप राजेंद्र दर्डा, अजंता फार्मास्युटिकल्स के चेयरमैन मन्नालाल बी. अग्रवाल समेत अनेक गणमान्य उपस्थित थे। यह सम्मान डॉ. चोरडिया के शिक्षा, नवाचार, उद्यमिता और राष्ट्रनिर्माण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान की सराहना है। कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग, पुणे (सीओइपी) के प्रख्यात पूर्व छात्र रहे प्रो. डॉ. संजय बी. चोरडिया दूरदर्शी शिक्षाविद, उद्यमी और समाजसेवी हैं। समाज निर्माण के संकल्प और ज्ञान की जिज्ञासा से प्रेरित होकर उन्होंने अपनी सफल कॉर्पोरेट करियर छोड़कर 1999 में सूर्यदत्त एजुकेशन फाउंडेशन की स्थापना की। शिक्षा समाज परिवर्तन का सबसे प्रभावी साधन है.. इस उक्ति के दृढ़ विश्वास के साथ डॉ. संजय ने विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक सफलता के लिए ही नहीं, बल्कि उनके सर्वांगीण विकास के लिए भी तैयार किया है। उनकी दृष्टि केवल कक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि वे ऐसे समाज के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध हैं, जो शिक्षित, स्वस्थ, मूल्याधारित और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी हो। वर्ष 1999 में स्थापित सूर्यदत्त एजुकेशन फाउंडेशन आज भारत की अग्रणी शैक्षणिक संस्थाओं में से एक है। दो दशकों से अधिक समय से उत्कृष्टता की परंपरा निभाते हुए, सूर्यदत्त संस्थान में बालवाड़ी से लेकर पीएचडी. तक की शिक्षा उपलब्ध है। इसके अलावा प्रबंधन, सूचना प्रौद्योगिकी, वाणिज्य, डिजाइन, विज्ञान, फार्मेसी और हेल्थ साइंसेस जैसे विविध क्षेत्रों में हज़ारों छात्र शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। नवोन्मेषी अध्यापन पद्धति, उद्योगाभिमुख पाठ्यक्रम, सामाजिक पहल और जिम्मेदार वैश्विक नागरिक बनाने के प्रयासों के लिए संस्था को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त हुई है। इस विशेष सम्मान पर अपनी भावना व्यक्त करते हुए डॉ. संजय ने कहा कि यह पुरस्कार केवल मेरा व्यक्तिगत सम्मान नहीं है, बल्कि सूर्यदत्त एजुकेशन फाउंडेशन की दृष्टि और ध्येय की भी सराहना है। शिक्षा केवल डिग्री तक सीमित नहीं है, बल्कि यह व्यक्ति और समाज निर्माण का वास्तविक सामर्थ्य है। मेरा ध्येय केवल शिक्षित युवा तैयार करना नहीं, बल्कि एक स्वस्थ, मूल्याधारित और संस्कारी समाज का निर्माण करना है, जो राष्ट्रीय विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सके।
इस गौरव के अवसर पर अपनी खुशी व्यक्त करते हुए सुषमा एस. चोरडिया ने कहा कि निश्चित ही यह सम्मान हमारे लिए गर्व और प्रेरणा का विषय है। डॉ. चोरडिया के नेतृत्व में सूर्यदत्त पिछले दो दशकों से अधिक समय से जिम्मेदार वैश्विक नागरिक गढ़ रहा है। इस यात्रा का हिस्सा बने आयोजकों, मान्यवरों और शुभेच्छकों का हम हृदय से आभार व्यक्त करते हैं।
















